Mahua Live Nalanda: प्रधानमंत्री आत्मनिर्भर स्वस्थ भारत योजना का हुआ शुभारंभ।

अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने डीएम व सीएस को दिया आवश्यक निर्देश

योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य के बुनियादी ढांचे, बीमारियों की निगरानी और स्वास्थ्य संस्थानों का सुदृढ़ीकरण है

Mahua Live Nalanda:-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के द्वारा आत्मनिर्भर स्वास्थ्य भारत योजना का शुभारंभ किया गया। इस योजना के माध्यम से देश की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार आएगा। जिसके लिए सरकार द्वारा 64180 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इसके अलावा इस अवसर पर 5233 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण भी किया गया। इस योजना के माध्यम से देश की स्वास्थ्य सुविधाओं एवं सेवाओं में भी व्यापक सुधार हो सकेगा।
स्वस्थ भारत के लिये चार-स्तरीय रणनीति:
इस योजना के लिए चार स्तर के रणनीति बनाई गई है जिसके तहत स्वच्छ भारत अभियान, योग, गर्भवती महिलाओं बच्चों की समय पर देखभाल एवं उपचार जैसे उपायों सहित बीमारी की रोकथाम व स्वास्थ्य कल्याण को बढ़ावा देना, समाज के वंचित वर्ग के लोगों को सस्ता और प्रभावी इलाज मुहैया कराना, स्वास्थ्य अवसंरचना और स्वास्थ्य सेवा पेशेवरों की गुणवत्ता को बढ़ाना, बाधाओं को दूर करने के लिये एक मिशन मोड पर काम करना, जैसे-मिशन इंद्रधनुष, जिसे देश के जनजातीय और दूरदराज़ के क्षेत्रों तक बढ़ाया गया है।
प्रधानमंत्री आत्मनिर्भर स्वस्थ भारत योजना:
इस योजना की घोषणा केंद्रीय बजट 2021-22 में की गई थी। इस योजना का उद्देश्य देश के सुदूर हिस्सों (अंतिम मील तक) में प्राथमिक, माध्यमिक और तृतीयक देखभाल स्वास्थ्य प्रणालियों की क्षमता विकसित करना है। देश में ही अनुसंधान, परीक्षण और उपचार के लिये एक आधुनिक पारिस्थितिकी तंत्र विकसित करना। यह योजना केंद्र सरकार द्वारा वित्तपोषित है और इसके लिये लगभग 64,180 करोड़ रुपए का परिव्यय निर्धारित किया गया है। इस योजना की अवधि 6 वर्ष निर्धारित की गई है।
योजना के लक्ष्य:
17,788 ग्रामीण तथा 11,024 शहरी स्वास्थ्य और कल्याण केंद्रों के विकास के लिये समर्थन प्रदान करना तथा सभी ज़िलों में एकीकृत सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रयोगशालाओं की स्थापना एवं 11 राज्यों में 3,382 ब्लॉक सार्वजनिक स्वास्थ्य इकाइयों की स्थापना करना। एवं देश भर के 602 ज़िलों और 12 केंद्रीय संस्थानों में ‘क्रिटिकल केयर हॉस्पिटल ब्लॉक’ स्थापित करने में सहांयता करना। राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (एनसीडीसी) तथा इसकी 5 क्षेत्रीय शाखाओं एवं 20 महानगरीय स्वास्थ्य निगरानी इकाइयों को मज़बूत करना। सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रयोगशालाओं को जोड़ने के लिये सभी राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों तक एकीकृत स्वास्थ्य सूचना पोर्टल का विस्तार करना। कोविड-19 टीकाकरण कार्यक्रम के साथ-साथ वितरण प्रणाली को मज़बूत करने और भविष्य की किसी भी महामारी से निपटने के लिये बेहतर क्षमता और योग्यता के निर्माण में सहायता करना है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में अन्य पहलें:
•आयुष्मान भारत कार्यक्रम।
•राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन।
•जन-औषधि योजना।

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